पैनिक अटैक के दौरान खुद को किस तरीके से संभाला जा सकता है? डॉक्टर से जानें इसके बारे में!
दरअसल, जब हम अपनी जिन्दगी में किसी बात की ज्यादा चिंता करने लगते हैं या फिर काम और जिम्मेदारियों के चलते काफी तनाव ले लेते हैं, तो ऐसे में हमको दिमाग से जुड़ी कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इसमें पैनिक अटैक जैसी समस्या भी शामिल है। दरअसल, आपकी जानकारी के लिए आपको बता दें, कि यह एक बहुत ही खौफनाक स्थिति हो सकती है, जो एक व्यक्ति को काफी ज्यादा डरा सकती है। इस तरह की स्थिति में व्यक्ति की आंखों के आगे अँधेरा आ जाता है और कई लोग इस दौरान बेहोश भी हो जाते हैं।
आम तौर पर, हम में से ज्यादातर लोगों ने कभी न कभी पैनिक अटैक जैसी स्थिति का सामना किया होगा और आपको इस स्थिति का सामना अकेले ही करना पड़ा होगा। आम तौर पर, यह एक बहुत ही बुरी स्थिति होती है, जिसमें व्यक्ति अपने आप को बिल्कुल भी संभाल नहीं पाता है। ऐसे में, इस समस्या से निपटने के लिए हर किसी के पास इसकी पूरी जानकारी होनी लाजमी है। ताकि अगर उसको कभी भी अटैक आये तो वह खुद को अच्छे से संभाल सके।
दरअसल, डॉक्टर का इस मामले में कहना है, कि एक व्यक्ति को पैनिक अटैक धीरे-धीरे नहीं आता, बल्कि अचानक आता है। इस तरह की स्थिति उत्पन्न होने से पहले आप ठीक-ठाक एक जगह पर बैठे होते हैं और ऐसे में अचानक से आपके दिल की धड़कने काफी तेज होने लगती है, सांस भरी होने लगती और दिमाग डर से भर जाता है। ऐसा होने पर आपको पैनिक अटैक आता है। आम तौर पर, इस तरह की स्थिति उत्पन्न होने पर आप खुद को संभालने के लिए सबसे पहले बिल्कुल शांत हो जाए, उल्टा गिनना शुरू दें, आसपास की चीजों पर ध्यान दें, ठंडा पानी इस्तेमाल करें, बॉडी मूवमेंट पर ध्यान दें, अपनी साँसों पर ध्यान दें, खुद से बात करें, किसी को मैसेज या फिर कॉल करें। ऐसे में सुनना आसान होता है, करना नहीं। इसलिए, ऐसे में अपने ध्यान को कहीं और ले जाएँ, ताकि आपका दिमाग उस डर से बहार आ सके, जिसके कारण ऐसा हुआ था। दरअसल, अगर आपको भी कभी अकेले में पैनिक अटैक का सामना करना पड़ता है, तो आप इस समस्या में इन तरीकों का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह तरीके आपकी परेशानी को कम करने में काफी मदद प्रदान कर सकते हैं। आइये इस लेख के माध्यम से इसके बारे में इस के डॉक्टर से और विस्तार से जानकारी प्राप्त करते हैं।
पैनिक अटैक के दौरान खुद को संभालने के तरीके!
- आसपास की चीजों पर ध्यान दें
दरअसल, पैनिक अटैक आने से पहले ही आप अपने दिमाग को किसी न किसी चीज में उलझा कर रखने की कोशिश करें। ऐसे में, आप अपने आसपास रखी किन्हीं 5 चीजों को देखें और उनमें से 4 चीजों को छुए और 3 तरह की आवाजों को सुनें। इससे आपका ध्यान भटकेगा और दिमाग डर कि दुनिया से बाहर आ जाएगा।
- खुद से बातें करें
ज्यादा देर तक शांत रहने से दिमाग कई तरह के बुरे विचारों को सोचने लगता है, जिससे कि एंग्जायटी और पैनिक अटैक आने की स्थिति उत्पन्न होने लगती है। ऐसे में, खुद को समझाएं और कहें में बिल्कुल सुरक्षित हूँ, यह महज एक पैनिक है, यह चला जाएगा। इसके अलावा, आप ऐसे में शॉपिंग के बारे में सोचें, आप सुंदर हैं और अपने दोस्तों के साथ बिताये पलों को याद करें। यह बातें न केवल आपके दिमाग को शांत करती हैं, बल्कि यह बातें आपके दिमाग को भरोसा भी दिलाती हैं। ऐसा करने पर हमारा शरीर खुद ब खुद धीरे-धीरे सामान्य होने लगता है। बस आपको समस्या के उस गंभीर समय को पार करना है और आप कर सकते हैं।
निष्कर्ष: पैनिक अटैक आना एक आम समस्या है, जिसमें व्यक्ति अपने आप को बिल्कुल भी संभाल नहीं पाता है। यह अचानक से आता है और दिमाग में डर और दिल कि धड़कनो को काफी तेज कर देता है। इसमें सांस भरी लगने लगती है और दिमाग काम करना बंद कर देता है। यह समस्या ज्यादातर पुरानी सेहत समस्याओं से पीड़ित लोगों और एंग्जायटी डिसऑर्डर और ज्यादा तनाव लेने वाले लोगों को प्रभावित करती है। पैनिक अटैक बहुत डरावना लग सकता है, पर यह हमेशा के लिए नहीं रहता है। दरअसल, अगर आप भी अकेले में पैनिक अटैक का सामना करते हैं, तो आप ऐसे में खुद को संभालने के लिए सबसे पहले बिल्कुल शांत हो जाए, उल्टा गिनना शुरू देना, आसपास की चीजों पर ध्यान देना, ठंडा पानी इस्तेमाल करना, बॉडी मूवमेंट पर ध्यान देना, अपनी साँसों पर ध्यान देना, खुद से बात करना, किसी को मैसेज या फिर कॉल करना जैसे तरीकों का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह तरीके आपकी परेशानी को कम करने में मदद कर सकते हैं। ऐसा लगातार होने पर आपको चरण अपने डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। इसके बारे में ज्यादा जानकारी प्राप्त करने के लिए और दिमाग से जुड़ी किसी भी समस्या का तुरंत समाधान पाने के लिए आप आज ही मानस अस्पताल के विशेषज्ञों से संपर्क कर सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल!
प्रश्न 1. पैनिक अटैक किन लोगों को अधिक प्रभावित करता है?
पैनिक अटैक विषेश तौर पर बहुत ज्यादा तनाव लेने वाले लोगों, पुरानी सेहत समस्याओं से पीड़ित लोगों और एंग्जायटी डिसऑर्डर वाले लोगों को काफी ज्यादा प्रभावित करता है।
प्रश्न 2. किन कारणों की वजह से पैनिक अटैक आता है?
दरअसल, थायरॉइड की समस्या, अत्यधिक तनाव, मानसिक सेहत समस्याएं, नींद में गड़बड़ी, कैफीन, शराब या नशीली दवाओं का काफी मात्रा में सेवन करना या फिर एक दम छोड़ना, आनुवंशिकी और पारिवारिक इतिहास जैसे कारणों की वजह से ही पैनिक अटैक आता है।
प्रश्न 3. दिमाग को कैसे शांत रखा जा सकता है?
आम तौर पर, आप अपने दिमाग को शांत करने के लिए रोजाना मेडिटेशन करना, गहरी सांस लेना, प्रकृति के बीच अपना समय बिताना, एक सही और अच्छी नींद लेना और नकारात्मक विचारों को अहमियत देना जैसे तरीकों को अपना सकते हैं। यह काफी फायदेमंद साबित हो सकते हैं।